उत्तराखंड वन विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 22 IFS अधिकारियों के दायित्व बदले
उत्तरकाशी के नए डीएफओ बने जॉयसन मोहन द्याड़े, शासन ने पांच अधिकारियों को अतिरिक्त जिम्मेदारियां भी सौंपीं

उत्तराखंड शासन ने वन विभाग में व्यापक प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 22 भारतीय वन सेवा (IFS) अधिकारियों के दायित्वों में बदलाव किया है। इसके साथ ही पांच अधिकारियों को नई एवं अतिरिक्त जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं। शासन का कहना है कि यह बदलाव विभागीय कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के उद्देश्य से किया गया है।
जारी आदेश के अनुसार कपिल लाल को पुनः सीसीएफ कैंप एवं नियोजन एवं वित्तीय प्रबंधन का दायित्व दिया गया है। वहीं नीना ग्रेवाल को प्रमुख वन संरक्षक (वन्यजीव) नियुक्त किया गया है। उनके पास प्रबंध निदेशक, वन विकास निगम का अतिरिक्त प्रभार भी रहेगा।
बोके गंगटे को सीसीएफ कैंप के साथ वन अनुसंधान, प्रबंधन एवं प्रशिक्षण का अतिरिक्त दायित्व सौंपा गया है। सुरेंद्र मेहरा को नियोजन एवं वित्तीय प्रबंधन, सतर्कता तथा विधि प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी दी गई है। डॉ. पराग मधुकर धकाते सनवाल से सीसीएफ वन पंचायत का प्रभार वापस लेकर यह जिम्मेदारी सुशांत पटनायक को सौंपी गई है। इसके अलावा नीतू लक्ष्मी को अपर सचिव (वन), कल्याणी को वन संरक्षक यमुना वृत्त तथा चंद्रशेखर को नोडल कार्यालय का दायित्व दिया गया है।
फील्ड स्तर पर भी कई अहम बदलाव किए गए हैं। अमित कंवर को डीएफओ चकराता, वैभव कुमार सिंह को डीएफओ देहरादून, नीरज कुमार को प्रभारी क्षेत्रीय प्रबंधक वन निगम, हिमांशु को डीएफओ टिहरी वन प्रभाग, दीपक सिंह को डीएफओ तराई पूर्वी वन प्रभाग, आशुतोष सिंह को डीएफओ ट्रांस वन प्रभाग तथा पुनीत तोमर को डीएफओ तराई पश्चिमी वन प्रभाग बनाया गया है।
इसी क्रम में जॉयसन मोहन द्याड़े को डीएफओ उत्तरकाशी नियुक्त किया गया है। वहीं अभिमन्यु को डीएफओ अल्मोड़ा, आदित्य रत्न को डीएफओ पिथौरागढ़, रजत सुमन को डीएफओ केदारनाथ वन प्रभाग, प्रणाली रैसोरा को उप वन संरक्षक बदरीनाथ, प्रकाश चंद्र आर्य को डीएफओ बागेश्वर तथा डीपी बलूनी को डीएफओ मसूरी वन प्रभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
शासन का मानना है कि यह प्रशासनिक फेरबदल वन विभाग की कार्यकुशलता बढ़ाने और विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।



