प्रमुख समाचार शीर्षक: ₹40 करोड़ का ब्याजमुक्त ऋण वितरित, दो माह में ₹100 करोड़ का लक्ष्य; लापरवाह समितियों पर सख्ती, प्रत्येक विकासखण्ड में लगेगा ऋण वितरण मेला।
₹40 करोड़ का शून्य ब्याज दर पर ऋण वितरित, आगामी माह प्रत्येक विकासखंड में लगेंगे ऋण मेले; अधिकारियों को लक्ष्य पूरा करने के निर्देश।

पुरोला/उत्तरकाशी:::: उत्तरकाशी जिला सहकारी बैंक की अध्यक्ष श्रीमती शारदा राणा की अध्यक्षता में सोमवार, 2 नवंबर 2026 को विकास भवन सभागार में बैंक के शाखा प्रबंधकों एवं जनपद की बहुउद्देशीय सहकारी समितियों के सचिवों और प्रबंध निदेशकों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में बैंक की कार्यप्रणाली, ऋण वितरण, ऋण वसूली और सरकार द्वारा प्रायोजित विभिन्न ऋण योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।

बैठक में बैंक उपाध्यक्ष हरिमोहन सिंह, जिला सहायक निबंधक सहकारी समितियां भारत सिंह, सचिव/महाप्रबंधक मुकेश माहेश्वरी, डीडीएम नाबार्ड पारित गुप्ता सहित बैंक के अधिकारी, शाखा प्रबंधक एवं समिति सचिव उपस्थित रहे। वहीं नौगांव, पुरोला और मोरी विकासखंड के शाखा प्रबंधकों ने वर्चुअल माध्यम से प्रतिभाग किया।

समीक्षा के दौरान दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना के तहत अल्पकालीन एवं मध्यकालीन ऋण वितरण, ऋण वसूली, एनपीए वसूली, निक्षेप संचय और वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए निर्धारित लक्ष्यों की समीक्षा की गई। सहकारी समितियों के माध्यम से ऋण वितरण एवं एनपीए वसूली की प्रगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं मिलने पर बैंक अध्यक्ष ने गहरा असंतोष व्यक्त किया।
अध्यक्ष शारदा राणा ने 25 प्रतिशत से कम उपलब्धि वाले अधिकारियों को चेतावनी जारी करने तथा 10 प्रतिशत से कम ऋण वसूली वाली शाखाओं के वेतन पर रोक लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऋण वसूली में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी शाखा प्रबंधकों एवं समिति सचिवों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप समयबद्ध प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
अध्यक्ष ने बताया कि बैंक द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 में जनपद के किसानों एवं युवाओं को दीनदयाल योजना के अंतर्गत अब तक 40 करोड़ रुपये का शून्य ब्याज दर पर ऋण वितरित किया गया है। उन्होंने आगामी दो माह में योजना के तहत शाखाओं को आवंटित शेष अतिरिक्त ऋण वितरण लक्ष्य शत-प्रतिशत पूरा करने के लिए अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मिशन मोड में कार्य करने के निर्देश दिए।
ग्रामीण क्षेत्रों के अधिक से अधिक किसानों तक बैंक की योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए आगामी माह प्रत्येक विकासखंड स्तर पर ऋण मेलों का आयोजन किया जाएगा। इन मेलों में किसानों, युवाओं, महिलाओं एवं उद्यमियों को विभिन्न ऋण योजनाओं की जानकारी देने के साथ पात्र लाभार्थियों को वित्तपोषित कर स्वरोजगार के अवसर सृजित करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।
बैठक में बैंकिंग कार्यों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने के साथ नियमित निरीक्षण, केवाईसी, आधार एवं मोबाइल सीडिंग, ऑडिट और खातों के मिलान जैसे विषयों पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
अंत में अध्यक्ष शारदा राणा ने सहकारिता के माध्यम से किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने के संकल्प को दोहराते हुए बैंक के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से टीम भावना के साथ कार्य कर निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध पूरा समाचार, ऋण मेला, स्वरोजगार, NABARD



